पौड़ी गढ़वाल : जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया की अध्यक्षता में विकासखंड पौड़ी के कमेड़ा गांव में जन चौपाल आयोजित हुई, जहां ग्रामीणों की समस्याएं सुनकर संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए। गांव पहुंचने पर जिलाधिकारी का स्वागत किया गया।
चौपाल में कुल 17 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें अधिकांश का मौके पर ही निस्तारण हुआ। कंडारा गांव में पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त किए जाने पर जिम्मेदार की पहचान कर एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए गए। कोलापातल पंपिंग योजना का पानी कमेड़ा तक न पहुंचने पर स्थलीय निरीक्षण व रिपोर्ट मांगी गई। अन्य गांवों में पेयजल समस्या के स्थायी समाधान हेतु तकनीकी निरीक्षण के निर्देश भी दिए गए।
ग्रामीणों ने पेयजल, सड़क, सिंचाई, कृषि व आपदा संबंधी समस्याएं उठाईं। जिलाधिकारी ने रैदुल व रछुली गांव के आपदा कार्य एसडीएमएफ में प्रस्तावित करने, मुर्गीबाड़े व गौशाला की लंबित धनराशि जारी करने, कंडारा इंटर कॉलेज में पेड़ कटान तथा दिव्यांग प्रमाण पत्र शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही घेरबाड़, चेकडैम व सोलर पंपिंग योजनाओं को प्राथमिकता देने को कहा।
“समलौंण आंदोलन” के तहत पौधरोपण किया गया। जिलाधिकारी ने महिला कृषकों से संवाद कर बीज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान पॉलीहाउस, मत्स्य तालाब व इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल का अवलोकन किया गया। प्रगतिशील कृषक प्रमोद खंडूरी ने मत्स्य पालन इकाई व सब्सिडी की जानकारी दी, जिसकी जिलाधिकारी ने सराहना की।
चेकडैम निरीक्षण में सोलर पंपिंग योजना शीघ्र शुरू करने, महिलाओं को समूह आधारित खेती व मत्स्य पालन से जोड़ने और पुल पर रेलिंग लगाने के निर्देश दिए गए। कृषि निवेश केंद्र में बीज, उपकरण व फार्म मशीनरी बैंक की समीक्षा कर पारदर्शी व समयबद्ध सुविधा देने को कहा।
इस अवसर पर क्षेत्र पंचायत सदस्य कुसुम खंडूरी, ग्राम प्रधान शांति देवी, ग्राम प्रधान सुमन प्रसाद, संयुक्त मजिस्ट्रेट दीक्षिता जोशी, बीडीओ दृष्टि आनंद, अधिशासी अभियंता विवेक सेमवाल सहित अधिकारी व ग्रामीण उपस्थित रहे।